राहुल गांधी के समर्थन और CJP के प्रदर्शन के बाद पुलिस का कदम, पीड़ित की दोबारा होगी मेडिकल जांच; गिरफ्तारी की भी तैयारी
नई दिल्ली, 4 सितंबर। नाबालिग छात्रा निशु आजाद के पिता संजय आजाद पर कथित हमले के मामले में दिल्ली पुलिस अब कार्रवाई आगे बढ़ाने की तैयारी में है। सूत्रों के मुताबिक, पुलिस आरोपी स्वतंत्र भारद्वाज के खिलाफ दर्ज एफआईआर में SC-ST एक्ट की धारा जोड़ने जा रही है। इसके साथ ही संजय आजाद की दोबारा मेडिकल जांच कराई जाएगी। मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर यह तय किया जाएगा कि आरोपी के खिलाफ हत्या की कोशिश जैसी गंभीर धारा जोड़ी जाए या नहीं। सूत्रों के अनुसार, आरोपी की गिरफ्तारी भी सुनिश्चित किए जाने की तैयारी है।
स्वतंत्र भारद्वाज पर SC-ST एक्ट की धारा जोड़ने की तैयारी
सूत्रों का कहना है कि दिल्ली पुलिस आरोपी युवक के खिलाफ दर्ज एफआईआर में SC-ST एक्ट की संबंधित धारा शामिल करेगी। पुलिस पीड़ित संजय आजाद की दोबारा मेडिकल जांच भी कराएगी। जांच रिपोर्ट में चोट की गंभीरता सामने आने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई तय की जाएगी। इसी मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर हत्या के प्रयास का मामला दर्ज करने पर भी फैसला हो सकता है।
स्वतंत्र भारद्वाज के खिलाफ कार्रवाई को लेकर प्रदर्शन
इससे पहले शुक्रवार को CJP के प्रवक्ता सौरव दास सहित बड़ी संख्या में समर्थक दिल्ली के संसद मार्ग थाने के बाहर पहुंचे। प्रदर्शनकारियों ने जंतर-मंतर पर 20 जुलाई को हुए प्रदर्शन के दौरान संजय आजाद पर कथित हमले को लेकर स्वतंत्र भारद्वाज के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
यह प्रदर्शन उस इंटरव्यू के वायरल होने के बाद हुआ, जिसमें स्वतंत्र भारद्वाज ने जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान संजय कुमार पर हमला करने का दावा किया था।
प्रदर्शनकारियों ने लगाए ‘न्याय करो’ के नारे
CJP ने दिल्ली पुलिस पर स्वतंत्र भारद्वाज के खिलाफ पर्याप्त कार्रवाई नहीं करने का आरोप लगाया। प्रदर्शनकारियों ने संजय आजाद को न्याय दिलाने की मांग करते हुए थाने के बाहर नारेबाजी की।
वहीं, दिल्ली पुलिस ने संजय आजाद की सिर की हड्डी टूटने के दावे का खंडन किया है। पुलिस के मुताबिक, हाथापाई के दौरान संजय को मामूली चोट लगी थी और उनकी शिकायत पर मामला दर्ज किया गया था। प्रदर्शन को देखते हुए संसद मार्ग थाने के आसपास सुरक्षा बढ़ाई गई और अतिरिक्त पुलिसकर्मियों की तैनाती के साथ बैरिकेडिंग की गई।
सांसद चंद्रशेखर आजाद भी पहुंचे थाने
आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के अध्यक्ष और सांसद चंद्रशेखर आजाद भी प्रदर्शन के समर्थन में संसद मार्ग पुलिस स्टेशन पहुंचे। उन्होंने CJP नेताओं सौरव दास और आशुतोष रंका का समर्थन किया।
CJP के मुख्य प्रवक्ता सौरव दास ने कहा कि जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन के दौरान हिंसा हुई और दिल्ली पुलिस को इस मामले में कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए। उन्होंने पुलिस से आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई और कानून-व्यवस्था को लेकर जवाब देने की मांग की।
राहुल गांधी ने कहा- निशु, तुम्हारी लड़ाई अकेली नहीं
एक दिन पहले लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए निशु और उनके परिवार के समर्थन में आवाज उठाई थी। उन्होंने कहा था कि निशु को घबराने की जरूरत नहीं है और वह उनके साथ हैं।
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि निशु को अपने समुदाय और छात्रों के हक की आवाज उठाने के कारण निशाना बनाया गया। उन्होंने दिल्ली पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि एक दलित लड़की के पिता पर हमला करने वाला आरोपी खुलेआम घूम रहा है। राहुल ने न्याय मिलने तक संघर्ष जारी रखने की बात कही।
केजरीवाल ने भी उठाए सवाल
आम आदमी पार्टी के नेता अरविंद केजरीवाल ने भी इस मामले को लेकर सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने वायरल वीडियो का जिक्र करते हुए दिल्ली पुलिस और केंद्र सरकार पर सवाल उठाए। केजरीवाल ने आरोप लगाया कि ऐसे मामलों में आरोपियों को संरक्षण दिया जा रहा है और सरकार से जवाब मांगा।
अब मेडिकल रिपोर्ट पर टिकी आगे की कार्रवाई
दिल्ली पुलिस की ओर से संजय आजाद की दोबारा मेडिकल जांच कराए जाने के बाद मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई महत्वपूर्ण होगी। यदि मेडिकल रिपोर्ट में गंभीर चोट की पुष्टि होती है तो आरोपी के खिलाफ और गंभीर धाराएं जोड़े जाने का रास्ता साफ हो सकता है। वहीं, SC-ST एक्ट की धारा जोड़ने और आरोपी की गिरफ्तारी की कार्रवाई भी इस मामले को नया मोड़ दे सकती है।

