ट्राई-सीरीज के पांचवें वनडे में पाकिस्तान की नजर लगातार चौथी जीत पर, जबकि श्रीलंका फाइनल में जगह पक्की करने के इरादे से उतरेगा।
पाकिस्तान और श्रीलंका के बीच ट्राई-सीरीज का पांचवां वनडे मंगलवार को लाहौर के गद्दाफी स्टेडियम में खेला जाएगा। मुकाबला भारतीय समयानुसार दोपहर 1:30 बजे शुरू होगा। पाकिस्तान लगातार तीन मैच जीतकर पहले ही फाइनल में पहुंच चुका है, जबकि श्रीलंका को फाइनल का टिकट पक्का करने के लिए जीत की जरूरत है। मैच से पहले पाकिस्तान के सलामी बल्लेबाज सैम अयूब को बाकी टूर्नामेंट से रिलीज किए जाने की खबर सामने आई है।
शादाब खान के शतक से फाइनल में पहुंचा पाकिस्तान
पाकिस्तान ने पिछले मुकाबले में इंग्लैंड को एक विकेट से हराकर फाइनल में जगह बनाई थी। 242 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए पाकिस्तानी टीम ने 154 रन पर नौ विकेट गंवा दिए थे और उसकी हार लगभग तय मानी जा रही थी। लेकिन शादाब खान ने वनडे करियर का पहला शतक लगाकर टीम को जीत दिला दी।
तीन मैचों में तीन जीत और छह अंकों के साथ पाकिस्तान अंक तालिका में शीर्ष पर है। अब टीम की कोशिश लगातार चौथी जीत दर्ज करने की होगी।
सैम अयूब बाहर, साहिबजादा फरहान को मौका
ट्राई-सीरीज में खराब फॉर्म से जूझ रहे सलामी बल्लेबाज सैम अयूब को बाकी टूर्नामेंट से रिलीज कर दिया गया है। पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) के मुताबिक, उन्होंने अपनी बल्लेबाजी पर काम करने और आत्मविश्वास हासिल करने के लिए घरेलू क्रिकेट खेलने का फैसला किया है।
उनकी जगह पाकिस्तान के टी20 कप्तान साहिबजादा फरहान को टीम में शामिल किया गया है। अब देखना होगा कि श्रीलंका के खिलाफ मुकाबले में पाकिस्तान की सलामी जोड़ी कैसी रहती है।
श्रीलंका जीता तो इंग्लैंड की उम्मीदें खत्म
श्रीलंका अगर पाकिस्तान को हरा देता है, तो वह सीधे फाइनल में पहुंच जाएगा और इंग्लैंड की फाइनल में पहुंचने की उम्मीदें खत्म हो जाएंगी। श्रीलंका ने पिछले मैच में इंग्लैंड के 430 रन के बड़े स्कोर का पीछा करते हुए दो विकेट से जीत दर्ज की थी।
इंग्लैंड अपने तीनों मैच हारकर अंक तालिका में आखिरी स्थान पर है। फाइनल में पहुंचने की उसकी उम्मीदें श्रीलंका के नतीजों और अपने आखिरी मुकाबले में प्रदर्शन पर निर्भर हैं। उसे श्रीलंका की हार के साथ अपने अंतिम मैच में जीत और बेहतर नेट रन रेट की जरूरत होगी।
गद्दाफी स्टेडियम की पिच कैसी रहेगी?
लाहौर के गद्दाफी स्टेडियम की पिच आमतौर पर बल्लेबाजों के लिए मददगार मानी जाती है। हालांकि, बल्लेबाजों के खराब शॉट चयन के कारण पिछले कुछ मुकाबलों में कम स्कोर भी देखने को मिले हैं।
तेज गेंदबाजों को पिच पर गेंद पटककर डालने से मदद मिल सकती है, जबकि मैच आगे बढ़ने के साथ स्पिन गेंदबाजों को ग्रिप और टर्न मिलने की संभावना रहती है। टॉस जीतने वाली टीम परिस्थितियों को देखते हुए पहले गेंदबाजी करने का फैसला कर सकती है।

