कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के पदाधिकारियों की बैठक बुधवार से अभिजीत दीपके के आवास पर शुरू होने जा रही है। बैठक से पहले दिए एक इंटरव्यू में दीपके ने स्पष्ट किया कि फिलहाल उनकी राजनीति में आने की कोई योजना नहीं है। हालांकि, उन्होंने भविष्य में इसकी संभावना से भी इनकार नहीं किया।
राजनीति में आने पर क्या बोले अभिजीत दीपके?
रायटर्स को दिए इंटरव्यू में अभिजीत दीपके ने कहा कि यदि भविष्य में जनता की व्यापक मांग होती है, तो वह राजनीति में आने और चुनाव लड़ने पर विचार कर सकते हैं।
उन्होंने कहा, “भारत में मुझे नहीं लगता कि राजनीतिक पार्टी बनाना ही समाधान है।”
‘देश को जन आंदोलन की जरूरत’
दीपके का कहना है कि देश को एक ऐसे जन आंदोलन की जरूरत है, जो संस्थाओं में लोगों का भरोसा और जवाबदेही को फिर से मजबूत करे।
उन्होंने कहा कि फिलहाल सीजेपी का मुख्य उद्देश्य युवाओं की आवाज उठाना है। उनके अनुसार, बड़ी संख्या में युवाओं का राजनेताओं, न्यायपालिका और मीडिया पर भरोसा कम हुआ है और उनकी अपेक्षाओं को समझना जरूरी है।
मोहन भागवत के कार्यक्रम पर प्रतिक्रिया
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) प्रमुख मोहन भागवत के 6 अगस्त को मुंबई में जेन ज़ेड और जेन अल्फा के साथ प्रस्तावित संवाद पर भी अभिजीत दीपके ने प्रतिक्रिया दी।
उन्होंने कहा कि युवाओं से संवाद होना सकारात्मक कदम है, लेकिन यदि इस तरह के कार्यक्रमों में युवा चेहरे नेतृत्व करें तो इसका प्रभाव और बेहतर होगा।
दीपके ने कहा कि युवाओं की आवाज को अब नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। उनके अनुसार, देश के भविष्य से जुड़े मुद्दों पर युवाओं का प्रतिनिधित्व बढ़ना चाहिए और युवा पीढ़ी से संवाद में युवाओं की भागीदारी अधिक प्रभावी रहेगी।

