Spam Calls & Fake Messages Alert: भारत में स्पैम कॉल और फर्जी मैसेज की बढ़ती समस्या के बीच Bharti Airtel और Google ने बड़ा कदम उठाया है। दोनों कंपनियों की साझेदारी के तहत RCS मैसेजिंग को AI-पावर्ड सिक्योरिटी से मजबूत किया जाएगा। यह सुविधा Android यूजर्स को Google Messages ऐप के जरिए मिलेगी।
AI और नेटवर्क इंटेलिजेंस की डबल ताकत
Airtel अपनी टेलीकॉम नेटवर्क इंटेलिजेंस को Rich Communication Services (RCS) प्लेटफॉर्म से जोड़ रहा है।
- AI आधारित स्पैम डिटेक्शन टूल्स RCS फ्रेमवर्क में एम्बेड होंगे
- रियल-टाइम में बिजनेस मैसेज की जांच
- मजबूत सेंडर ऑथेंटिकेशन
- संदिग्ध लिंक और फ्रॉड मैसेज पहले ही फिल्टर
यूजर्स को हाई-रेज फोटो-वीडियो शेयरिंग, टाइपिंग इंडिकेटर और रीड रिसीट जैसी सुविधाएं पहले की तरह मिलती रहेंगी, लेकिन अब अतिरिक्त सुरक्षा के साथ।
71 अरब स्पैम कॉल ब्लॉक, अब मैसेज की बारी
Airtel के मुताबिक, पिछले 18 महीनों में उसके AI एंटी-स्पैम सिस्टम ने 71 अरब स्पैम कॉल और 2.9 अरब स्पैम SMS ब्लॉक किए हैं। कंपनी का दावा है कि इन कदमों से रिपोर्टेड वित्तीय नुकसान में 68.7% तक कमी आई है।
नई RCS व्यवस्था में शामिल होंगे:
- टेलीकॉम-बैक्ड बिजनेस वेरिफिकेशन
- Do Not Disturb (DND) नियमों का पालन
- प्रमोशनल और ट्रांजैक्शनल मैसेज की स्पष्ट पहचान
- मल्टी-लेयर थ्रेट डिटेक्शन सिस्टम
डिजिटल इंडिया को मिलेगा मजबूत सुरक्षा कवच
दोनों कंपनियों का कहना है कि यह साझेदारी टेलीकॉम और टेक प्लेटफॉर्म के सहयोग का बड़ा उदाहरण है। ओटीटी मैसेजिंग ऐप्स की तुलना में, जहां टेलीकॉम-ग्रेड सुरक्षा मानक लागू नहीं होते, यह पहल अधिक भरोसेमंद सिस्टम देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
इसका उद्देश्य भारत में RCS मैसेजिंग को सुरक्षित और विश्वसनीय बनाना है, ताकि यूजर्स फर्जी ऑफर, स्कैम लिंक और स्पैम बिजनेस मैसेज से बेहतर तरीके से बच सकें।

