बांग्लादेश क्रिकेट टीम ने वनडे क्रिकेट में एक ऐतिहासिक जीत दर्ज करते हुए ऑस्ट्रेलिया को 21 साल बाद हराकर बड़ा रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया है। मीरपुर में खेले गए तीन मैचों की वनडे सीरीज के पहले मुकाबले में बांग्लादेश ने ऑस्ट्रेलिया को डकवर्थ-लुईस (DLS) नियम के तहत 86 रन से मात दी। पाकिस्तान के खिलाफ हालिया वनडे सीरीज जीत के बाद बांग्लादेश की यह एक और बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।
यह ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ वनडे क्रिकेट में बांग्लादेश की कुल दूसरी और वर्ष 2005 के बाद पहली जीत है। इससे पहले बांग्लादेश ने जून 2005 में कार्डिफ में ऑस्ट्रेलिया को हराकर इतिहास रचा था।
21 साल बाद दोहराया इतिहास
साल 2005 में कार्डिफ में खेले गए मुकाबले में बांग्लादेश ने महान बल्लेबाज Mohammad Ashraful के शानदार शतक की बदौलत ऑस्ट्रेलिया को पांच विकेट से हराया था। उस समय ऑस्ट्रेलियाई टीम में Ricky Ponting, Adam Gilchrist, Matthew Hayden, Michael Hussey और Glenn McGrath जैसे दिग्गज खिलाड़ी मौजूद थे।
अब 21 साल बाद बांग्लादेश ने एक बार फिर ऑस्ट्रेलिया को हराकर अपने क्रिकेट इतिहास में एक और यादगार अध्याय जोड़ दिया है।
मोसद्देक होसैन ने खेली मैच जिताऊ पारी
पहले बल्लेबाजी करते हुए बांग्लादेश की शुरुआत बेहद साधारण रही और टीम ने 140 रन तक अपने चार अहम विकेट गंवा दिए थे। ऐसे मुश्किल समय में Mosaddek Hossain ने जिम्मेदारी संभाली।
करीब चार साल बाद टीम में वापसी कर रहे मोसद्देक ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए 70 गेंदों में नाबाद 86 रन बनाए। उनकी विस्फोटक पारी की बदौलत बांग्लादेश ने निर्धारित ओवरों में 284 रन का चुनौतीपूर्ण स्कोर खड़ा किया।
तस्कीन और मुस्तफिजुर ने दिलाई तेज शुरुआत
285 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी ऑस्ट्रेलियाई टीम को शुरुआत से ही झटके लगे। अनुभवी तेज गेंदबाज Taskin Ahmed ने पहली ही गेंद पर मैथ्यू शॉर्ट को बोल्ड कर दिया।
इसके बाद Mustafizur Rahman ने मार्नस लाबुशेन का विकेट लेकर ऑस्ट्रेलिया को शुरुआती दबाव में ला दिया। हालांकि कुछ बल्लेबाजों ने साझेदारी कर टीम को संभालने की कोशिश की, लेकिन बांग्लादेशी गेंदबाजों ने लगातार दबाव बनाए रखा।
नाहिद राणा की रफ्तार बनी जीत की सबसे बड़ी वजह
मुकाबले का टर्निंग पॉइंट युवा तेज गेंदबाज Nahid Rana का स्पेल साबित हुआ। 23 वर्षीय तेज गेंदबाज ने ऑस्ट्रेलियाई कप्तान Josh Inglis को आउट कर बड़ा झटका दिया। विकेट लेने के बाद दोनों खिलाड़ियों के बीच तीखी बहस भी देखने को मिली।
इसके बाद नाहिद राणा ने अपनी घातक गति से ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजी क्रम को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया। 29वें से 33वें ओवर के बीच ऑस्ट्रेलिया ने केवल 12 रन के भीतर चार विकेट गंवा दिए, जिनमें तीन विकेट नाहिद राणा ने झटके।
एक समय ऑस्ट्रेलिया का स्कोर 140 रन पर आठ विकेट हो गया था और टीम की हार लगभग तय हो चुकी थी।
कैमरन ग्रीन का संघर्ष भी नहीं बचा सका ऑस्ट्रेलिया को
ऑस्ट्रेलिया की ओर से Cameron Green ने अकेले संघर्ष करते हुए अर्धशतक जमाया और टीम को 191 रन तक पहुंचाया। हालांकि इसी दौरान बारिश ने खेल में बाधा डाल दी।
बारिश के कारण मुकाबला दोबारा शुरू नहीं हो सका और डकवर्थ-लुईस नियम के आधार पर बांग्लादेश को 86 रन से विजेता घोषित कर दिया गया।
सीरीज में बढ़त के साथ आत्मविश्वास से भरा बांग्लादेश
पाकिस्तान के खिलाफ हालिया सफलता के बाद ऑस्ट्रेलिया जैसी मजबूत टीम पर जीत ने बांग्लादेश का आत्मविश्वास और बढ़ा दिया है। खासकर तेज गेंदबाजों का प्रदर्शन टीम के लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है। लंबे समय तक स्पिन गेंदबाजी पर निर्भर रहने वाली बांग्लादेशी टीम अब तेज गेंदबाजी विभाग में भी मजबूती दिखा रही है, जो भविष्य के बड़े टूर्नामेंटों के लिए शुभ संकेत है।

