दांबुला: श्रीलंका दौरे पर खेली जा रही त्रिकोणीय श्रृंखला (ट्राई सीरीज) के चौथे मुकाबले में श्रीलंका-ए ने भारत-ए को बेहद रोमांचक सुपर ओवर मुकाबले में हरा दिया। दांबुला के रणगिरि दांबुला इंटरनेशनल स्टेडियम में खेले गए इस मुकाबले में दोनों टीमों ने शानदार संघर्ष किया, लेकिन अंत में मेजबान टीम ने बाजी मार ली।
भारत-ए ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 265 रन का लक्ष्य दिया था। जवाब में श्रीलंका-ए की टीम निर्धारित 50 ओवर में 9 विकेट खोकर 264 रन ही बना सकी, जिसके बाद मैच टाई हो गया और फैसला सुपर ओवर में हुआ।
सुपर ओवर में बिखरी भारत-ए की बल्लेबाजी
सुपर ओवर में पहले बल्लेबाजी करते हुए श्रीलंका-ए ने 18 रन बनाए और भारत-ए के सामने 19 रन का लक्ष्य रखा। दबाव भरे इस मुकाबले में भारतीय बल्लेबाज अपेक्षित प्रदर्शन नहीं कर सके और टीम केवल 10 रन ही बना सकी।
इस तरह श्रीलंका-ए ने सुपर ओवर में शानदार जीत दर्ज करते हुए टूर्नामेंट में अपनी स्थिति मजबूत कर ली। वहीं भारत-ए को लगातार दूसरी हार झेलनी पड़ी।
फाइनल की राह हुई मुश्किल
भारत-ए ने टूर्नामेंट के पहले मुकाबले में श्रीलंका-ए को 8 रन से हराया था, लेकिन इसके बाद अफगानिस्तान-ए के खिलाफ बारिश से प्रभावित मुकाबले में डकवर्थ-लुईस-स्टर्न (DLS) नियम के तहत 4 रन से हार का सामना करना पड़ा।
अब श्रीलंका-ए के खिलाफ सुपर ओवर में मिली हार के बाद भारतीय टीम की फाइनल में पहुंचने की राह कठिन होती दिखाई दे रही है। आगामी मुकाबलों में टीम को बेहतर प्रदर्शन के साथ जीत दर्ज करनी होगी।
अविष्का और डिकवेला ने दिलाई मजबूत शुरुआत
265 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए श्रीलंका-ए को अविष्का फर्नांडो और निरोशन डिकवेला ने तेज शुरुआत दिलाई। भारत को पहली सफलता निशांत सिंधु ने अविष्का फर्नांडो को 22 रन पर आउट कर दिलाई।
इसके बाद विशेन हलंबगे 17 रन बनाकर आयुष बदोनी का शिकार बने। निरोशन डिकवेला 37 रन बनाकर अच्छी लय में नजर आ रहे थे, लेकिन उन्हें विप्रज निगम ने पवेलियन भेज दिया। लगातार विकेट गिरने के कारण एक समय श्रीलंका-ए का स्कोर 5 विकेट पर 143 रन हो गया था।
समरविक्रमा ने खेली मैच बचाने वाली पारी
मध्यक्रम में सदीरा समरविक्रमा ने जिम्मेदारी संभाली और वानुजा सहान के साथ मिलकर टीम को संकट से बाहर निकाला। दोनों बल्लेबाजों ने छठे विकेट के लिए 51 रन की महत्वपूर्ण साझेदारी की।
आयुष बदोनी ने वानुजा सहान को 25 रन पर आउट कर इस साझेदारी को तोड़ा, लेकिन समरविक्रमा एक छोर संभाले रहे। उन्होंने शानदार 93 रन की पारी खेलकर श्रीलंका-ए को जीत के करीब पहुंचा दिया।
आखिरी गेंद पर आया मैच में ट्विस्ट
मुकाबले का रोमांच आखिरी गेंद तक बना रहा। श्रीलंका-ए को अंतिम गेंद पर जीत के लिए 2 रन की जरूरत थी। बल्लेबाजों ने दूसरा रन लेने की कोशिश की, लेकिन गुणसेकरा रन आउट हो गए और स्कोर बराबर हो गया।
मैच टाई होने के बाद सुपर ओवर खेला गया, जहां श्रीलंका-ए ने दबाव में बेहतर प्रदर्शन करते हुए जीत अपने नाम कर ली।
टूर्नामेंट में बढ़ा रोमांच
इस जीत के साथ श्रीलंका-ए ने त्रिकोणीय श्रृंखला में अपनी दावेदारी मजबूत कर ली है। वहीं भारत-ए के लिए अब हर मुकाबला लगभग करो या मरो की स्थिति जैसा हो गया है। टीम प्रबंधन आगामी मैचों में बल्लेबाजी और डेथ ओवर रणनीति पर विशेष ध्यान देना चाहेगा।

