जामिया में दाखिले को लेकर छात्रों का हंगामा, NSUI-SFI ने लगाए गड़बड़ी के आरोप

Thecity news
3 Min Read

दिल्ली की जामिया मिलिया इस्लामिया यूनिवर्सिटी में छात्रों ने सोमवार को जमकर हंगामा किया और सड़कों पर प्रदर्शन किया। छात्र संगठनों नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ इंडिया (NSUI) और स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (SFI) ने यूनिवर्सिटी की दाखिला प्रक्रिया में कथित भ्रष्टाचार और गड़बड़ी के आरोप लगाए हैं। छात्रों का कहना है कि स्पॉट एडमिशन को लेकर भी पर्याप्त पारदर्शिता नहीं बरती जा रही है। हालांकि, यूनिवर्सिटी प्रशासन ने भ्रष्टाचार और गड़बड़ी के आरोपों को गलत और बेबुनियाद बताया है।

NSUI ने किया धरना-प्रदर्शन

नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ इंडिया ने सोमवार को जामिया मिलिया इस्लामिया यूनिवर्सिटी में धरना-प्रदर्शन किया। NSUI ने दाखिला प्रक्रिया में कथित भ्रष्टाचार और गड़बड़ियों का आरोप लगाते हुए इन मामलों की निष्पक्ष जांच की मांग की। छात्र संगठन का कहना है कि प्रदर्शन का उद्देश्य दाखिला प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करना है।

दाखिला प्रक्रिया में पारदर्शिता की मांग

SFI की जामिया मिलिया इस्लामिया यूनिट ने भी यूनिवर्सिटी की नामांकन प्रक्रिया में अनियमितताओं के आरोप लगाए। संगठन ने स्पॉट एडमिशन प्रक्रिया और आरक्षण नीति के क्रियान्वयन में पारदर्शिता की कमी का दावा किया। SFI का आरोप है कि योग्य उम्मीदवारों को दाखिला नहीं दिया गया, जबकि कम रैंक वाले या कथित तौर पर अयोग्य उम्मीदवारों को प्रवेश दिया जा रहा है।

हालांकि, यूनिवर्सिटी के एक अधिकारी ने इन आरोपों को खारिज करते हुए उन्हें बेबुनियाद बताया। अधिकारी के मुताबिक, दाखिले की प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी है और इसमें किसी तरह की हेरफेर संभव नहीं है।

आखिर क्यों कराया जाता है स्पॉट एडमिशन?

यूनिवर्सिटी के अनुसार, नियमित दाखिला प्रक्रिया के दौरान पहली, दूसरी और तीसरी मेरिट सूची जारी होने के बाद अगर कुछ सीटें खाली रह जाती हैं, तो उन्हें भरने के लिए स्पॉट एडमिशन प्रक्रिया अपनाई जाती है। इसका उद्देश्य खाली रह गई सीटों पर योग्य उम्मीदवारों को दाखिला देना होता है।

खाली सीटों और वेटिंग लिस्ट की जानकारी सार्वजनिक करने की मांग

SFI ने स्पॉट एडमिशन प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि यूनिवर्सिटी ने पाठ्यक्रमवार खाली सीटों, वेटिंग लिस्ट और सीटें भरने के लिए अपनाए गए मानदंडों की जानकारी सार्वजनिक नहीं की। संगठन ने दाखिले से जुड़ी पूरी प्रक्रिया और मानदंडों को सार्वजनिक करने की मांग की है।

दाखिला प्रक्रिया के बीच प्रदर्शन

जामिया मिलिया इस्लामिया में यह विरोध-प्रदर्शन ऐसे समय हुआ है, जब यूनिवर्सिटी में दाखिले की प्रक्रिया चल रही है। यूनिवर्सिटी देशभर के छात्रों को अलग-अलग एकेडमिक प्रोग्राम में दाखिले के लिए प्रोत्साहित कर रही है। करीब एक महीने पहले जामिया ने दाखिला लेने वाले छात्रों के लिए स्वागत संदेश जारी किया था, जिसमें मजबूत एकेडमिक और रिसर्च माहौल उपलब्ध कराने की प्रतिबद्धता जताई गई थी।

Share This Article