हिमाचल प्रदेश में बीड़-बिलिंग से उड़ान भरने के बाद दो विदेशी पायलट हादसे का शिकार हुए, रातभर चले बचाव अभियान में एक की मौत।
हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले में पैराग्लाइडिंग हादसे में बुल्गारिया के 47 वर्षीय पायलट मैक्सिम वैलेंटिनोविच गैवरिलिचेंको की मौत हो गई, जबकि ब्रिटेन के 63 वर्षीय पायलट स्टीफन एंटनी पर्डी को सुरक्षित बचा लिया गया। हादसा धर्मशाला के खनियारा-योल क्षेत्र में राइजिंग स्टार पीक के पास हुआ। दोनों बीड़-बिलिंग से उड़ान भरने के बाद हादसे का शिकार हुए थे।
तेज हवा को हादसे की वजह माना जा रहा
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, हवा की गति अधिक होने के कारण यह हादसा हुआ। पुलिस और प्रशासन के मुताबिक, मैक्सिम 7 अक्टूबर 2026 को पर्यटक वीजा पर भारत आए थे। रविवार दोपहर करीब तीन से साढ़े तीन बजे के बीच खनियारा-योल क्षेत्र में हादसे की सूचना मिली।
इसके बाद स्थानीय पुलिस, राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (एसडीआरएफ) और हिम संसार रेस्क्यू टीम ने संयुक्त रूप से बचाव अभियान शुरू किया। रात करीब नौ बजे घटनास्थल के लिए रवाना हुई टीम ने पूरी रात तलाश की। सोमवार सुबह करीब 10 बजे अभियान पूरा हुआ। इस दौरान मैक्सिम की मौत की पुष्टि हुई, जबकि ब्रिटिश नागरिक स्टीफन एंटनी पर्डी को सुरक्षित निकाल लिया गया।
मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए जोनल अस्पताल धर्मशाला के शवगृह में रखा गया है।
एसपी ने पायलटों को दी मौसम को लेकर चेतावनी
कांगड़ा के पुलिस अधीक्षक कुलभूषण वर्मा ने हादसे की पुष्टि करते हुए बताया कि पुलिस आवश्यक कानूनी औपचारिकताएं पूरी कर रही है। उन्होंने कहा कि लगातार बदलते मौसम और तेज हवाओं के बीच पैराग्लाइडिंग की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े हुए हैं।
एसपी के मुताबिक, जिला प्रशासन खराब मौसम में पैराग्लाइडिंग नहीं करने के निर्देश देता रहा है। ऐसे में पायलटों और पर्यटकों को मौसम की स्थिति और सुरक्षा संबंधी निर्देशों का पालन करना चाहिए।
सुरक्षा व्यवस्था पर फिर उठे सवाल
इस हादसे ने पैराग्लाइडिंग के दौरान मौसम की स्थिति और सुरक्षा नियमों के पालन को लेकर चिंता बढ़ा दी है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच और जरूरी औपचारिकताएं पूरी कर रही है।

