BCCI का रुख: बड़े बदलाव की कोई जल्दी नहीं
दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ घरेलू सीरीज में क्लीन स्वीप और पिछले 12 महीनों में दूसरी बड़ी हार के बावजूद भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) किसी बड़े बदलाव की जल्दी में नहीं है।
सूत्रों के अनुसार, बोर्ड जल्द ही चयनकर्ताओं और टीम प्रबंधन के साथ बैठक करेगा, लेकिन बड़े बदलाव की संभावना बेहद कम है। टीम पर भरोसा जारी रखने का फैसला किया जा सकता है।
गौतम गंभीर के कार्यकाल में टीम का प्रदर्शन
गौतम गंभीर के कोच बनने के बाद भारतीय टीम ने इंग्लैंड और वेस्टइंडीज़ के खिलाफ बेहतर प्रदर्शन किया, लेकिन टेस्ट सीरीज में गिरावट देखने को मिली है।
- पिछले एक साल में भारत तीन टेस्ट सीरीज हार चुका है—न्यूजीलैंड, दक्षिण अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया में।
- इंग्लैंड में टेस्ट सीरीज ड्रॉ रही।
- वहीं सफेद गेंद क्रिकेट में टीम ने चैंपियंस ट्रॉफी और एशिया कप जीता है।
BCCI का बयान: गंभीर पर कोई फैसला नहीं होगा
एक वरिष्ठ अधिकारी ने इंडियन एक्सप्रेस से कहा:
“बोर्ड किसी घटना पर जल्दबाज़ी में फैसला नहीं करेगा। टीम बदलाव के दौर में है। जहां तक कोच गंभीर की बात है, उन पर कोई निर्णय नहीं होगा, क्योंकि विश्व कप नजदीक है और उनका अनुबंध 2027 तक है।”
बोर्ड चयनकर्ताओं और टीम प्रबंधन के साथ चर्चा करेगा, लेकिन किसी बड़े कदम की संभावना नहीं है।
25 साल बाद घर में SA के खिलाफ टेस्ट सीरीज हारी भारत
- कोलकाता टेस्ट में भारत को 30 रनों से हार मिली थी, जब टीम 124 रन के छोटे लक्ष्य का पीछा नहीं कर पाई।
- कप्तान शुभमन गिल चोटिल होने के कारण दोनों पारियों में बल्लेबाजी नहीं कर सके।
- दूसरे टेस्ट में भारत को 408 रनों की सबसे बड़ी टेस्ट हार झेलनी पड़ी, यह मैच ऋषभ पंत की कप्तानी में खेला गया।
रणनीति पर उठे सवाल
दल के अंदर कई रणनीतिक फैसलों पर सवाल उठ रहे हैं—
- वाशिंगटन सुंदर के बल्लेबाजी क्रम में बदलाव
- लंबी बल्लेबाजी होने के बावजूद बड़ा स्कोर न बना पाना
- टर्निंग पिचों पर खेलने की जिद के चलते बल्लेबाजों की तकनीक उजागर होना
दो टेस्ट मैचों में टीम कोई शतक नहीं जड़ सकी, जिससे आलोचना और बढ़ी है।
BCCI दक्षिण अफ्रीका सीरीज के बाद आगे की रणनीति पर बैठक करेगा, लेकिन अभी बड़े बदलाव की उम्मीद नहीं है।

