करीब एक महीने से जारी छात्र आंदोलन के बाद सरकार ने लिया फैसला, छात्रों ने कहा- CBI जांच की मांग पर नहीं होगा कोई समझौता
झारखंड की राजधानी रांची में करीब एक महीने से जारी छात्र आंदोलन के दौरान कई दौर की बातचीत के बाद मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने JSSC-CGL और TDPL परीक्षाओं को रद्द करने का ऐलान किया। इसके बाद छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो ने अपनी अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल खत्म कर दी। सरकार के फैसले पर प्रतिक्रिया देते हुए महतो ने कहा कि ऐसे कानून बनाए जाने चाहिए, जिनसे यह सुनिश्चित हो सके कि किसी भी छात्र के साथ धोखाधड़ी या ठगी न हो।
देवेंद्र नाथ महतो ने कहा कि सदन में ऐसा कानून बनाया जाना चाहिए, ताकि किसी भी छात्र के साथ धोखाधड़ी या धोखा न हो। सरकार को इसकी गारंटी देनी चाहिए। हालांकि, इसके बाद भी छात्रों का कहना है कि सीबीआई से जांच के मुद्दे पर वे कोई समझौता नहीं करेंगे।
मंत्रियों ने खत्म कराया अनशन
सीएम हेमंत सोरेन की ओर से किए गए ऐलान के बाद करीब तीन हफ्ते से अनशन कर रहे आंदोलनकारी देवेंद्र नाथ महतो समेत अन्य छात्रों ने अपनी भूख हड़ताल खत्म कर दी। झारखंड सरकार में मंत्री इरफान अंसारी ने देर रात जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम पहुंचकर युवाओं का अनशन खत्म कराया।
इस दौरान छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो ने कहा कि उन्होंने बहुत सम्मानजनक तरीके से अपना उपवास खत्म किया है।
शांतिपूर्ण विरोध को रोकने का ऐलान
उन्होंने कहा कि झारखंड सरकार के स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी, मंत्री दीपिका पांडे और विधायक जयराम महतो की संयुक्त पहल की बदौलत जिन मांगों के लिए छात्र संवैधानिक और शांतिपूर्ण तरीके से आंदोलन कर रहे थे, उन्हें मान लिया गया है।
महतो ने कहा कि इसके परिणामस्वरूप छात्र अपने शांतिपूर्ण विरोध को रोकने की घोषणा कर रहे हैं। हालांकि, आगे के सुधारों के लिए संघर्ष जारी रहेगा। उन्होंने इस दौरान दिखाई गई उदारता के लिए झारखंड सरकार, मुख्यमंत्री और राहुल गांधी का आभार व्यक्त किया।
सरकार ने एक बहुत बड़ा निर्णय लिया: महतो
देवेंद्र महतो ने कहा कि आज लिया गया निर्णय आसान नहीं था, खासकर इसलिए क्योंकि सीजीएल परीक्षा की नियुक्तियां और जॉइनिंग की प्रक्रियाएं पहले ही हो चुकी थीं और छात्रों की ओर से विरोधाभासी अपीलें भी आ रही थीं। कुछ छात्रों का दावा था कि उनके मामले सही हैं।
महतो ने कहा कि इसके बावजूद ईमानदार और निष्पक्ष जांच करके सभी के लिए आगे का रास्ता निकालते हुए सरकार ने एक बहुत बड़ा निर्णय लिया है।
CBI जांच की मांग पर अड़े छात्र
परीक्षाएं रद्द करने के सरकार के फैसले के बाद देवेंद्र नाथ महतो समेत अन्य छात्रों ने भूख हड़ताल खत्म कर दी है, लेकिन सीबीआई जांच की मांग अभी कायम है। छात्रों का कहना है कि इस मुद्दे पर वे किसी भी तरह का समझौता नहीं करेंगे।

