झारखंड में भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ी के खिलाफ छात्रों का आंदोलन जारी है। छात्र नेता रवींद्र पासवान ने झारखंड सरकार में मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की के बयान पर सवाल उठाते हुए कहा कि हम उनसे यही पूछ रहे हैं कि आपको कैसे पता चला कि हम छात्र नहीं हैं।
रवींद्र पासवान ने कहा कि वार्ता के लिए गया उनका प्रतिनिधिमंडल अपना एडमिट कार्ड दिखा सकता है। उन्होंने कहा कि बिना जांच किए और बिना सोचे-समझे इस तरह का बयान देना गलत है। उनके मुताबिक, सभी के पास एडमिट कार्ड है और वे जेपीएससी-जेएसएससी की परीक्षाएं देते हैं।
अस्पताल में भी जारी है देवेंद्र नाथ महतो का अनशन
इस बीच देवेंद्र नाथ महतो कई दिनों से भूख हड़ताल पर हैं। डॉक्टरों की लगातार निगरानी के बावजूद उन्होंने अपना अनशन खत्म नहीं किया है। देवेंद्र नाथ महतो ने अस्पताल से कहा कि उपचार के दौरान भी उन्होंने अपनी भूख हड़ताल जारी रखी है।
उन्होंने बताया कि 10 अगस्त 2026 को विधानसभा घेराव के दौरान लाठीचार्ज और धक्कामुक्की के बाद उन्हें एंबुलेंस से अस्पताल लाकर भर्ती कराया गया था। वह चार दिनों से अस्पताल में हैं।
देवेंद्र नाथ महतो ने कहा कि शांतिपूर्ण आंदोलन के दौरान कई साथियों पर लाठीचार्ज किया गया, जो गलत है। उन्होंने पूरे मामले की जांच की मांग की।
प्रेम नायक की भी तबीयत बिगड़ी
छात्र प्रदर्शनकारी प्रेम नायक ने बताया कि उनकी भूख हड़ताल का आज 12वां दिन और विरोध प्रदर्शन का 21वां दिन है। उन्होंने कहा कि उनकी तबीयत ठीक नहीं है। उनका ब्लड शुगर और ब्लड प्रेशर बढ़ गया है।
स्वास्थ्यकर्मियों ने उन्हें अस्पताल जाने की सलाह दी है, लेकिन उन्होंने अस्पताल जाने से इनकार कर दिया। प्रेम नायक ने बताया कि सरकार से बातचीत के लिए आज एक टीम जाने की संभावना है।
सरकार से बातचीत की तैयारी
प्रेम नायक के मुताबिक, मंत्रियों के साथ बातचीत चल रही है। उन्होंने बताया कि जयराम कुमार महतो बातचीत की अगुवाई कर रहे हैं और बातचीत शुक्रवार शाम को हो सकती है।
छात्रों का आंदोलन भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं, परीक्षा प्रक्रिया और जेपीएससी-जेएसएससी से जुड़े मुद्दों को लेकर जारी है। वहीं, आंदोलन के दौरान प्रदर्शनकारियों पर हुई पुलिस कार्रवाई को लेकर भी छात्र नेता जांच की मांग कर रहे हैं।

