15 अक्टूबर को सोने-चांदी की कीमतों में घरेलू और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में उतार-चढ़ाव जारी रहा। अमेरिकी महंगाई के आंकड़ों और ब्याज दरों की चिंता से निवेशकों की नजर बाजार पर बनी हुई है।
सोने और चांदी की कीमतों में पिछले कई दिनों से उतार-चढ़ाव जारी है। 15 अक्टूबर 2026 को सुबह 9 बजे तक घरेलू बाजार में 24 कैरेट सोने की कीमत 1,46,090 रुपये प्रति 10 ग्राम पहुंच गई। वहीं, चांदी 2,08,340 रुपये प्रति किलोग्राम पर कारोबार कर रही थी।
हालांकि, मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) में दोनों कीमती धातुओं की कीमतों में दबाव देखने को मिला। बुधवार को कारोबार बंद होने पर सोना 0.9 प्रतिशत की तेजी के साथ 1,45,850 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ था। वहीं, चांदी 0.80 प्रतिशत गिरकर 2,07,990 रुपये प्रति किलोग्राम पर आ गई थी।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने-चांदी की कीमतें बढ़ीं
अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में तेजी दर्ज की गई। कॉमेक्स पर सोने का भाव 1.34 प्रतिशत बढ़कर 4,163 डॉलर प्रति औंस पहुंच गया। वहीं, चांदी 0.78 प्रतिशत की बढ़त के साथ 56.32 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार कर रही थी।
पिछले कुछ दिनों की गिरावट के बाद दोनों धातुओं की कीमतों में सुधार देखने को मिला। हालांकि, बीते एक सप्ताह में सोने का भाव 2.55 प्रतिशत और चांदी की कीमत 5.93 प्रतिशत नीचे आ चुकी थी।
दिल्ली-मुंबई समेत प्रमुख शहरों में सोने-चांदी के भाव
देश के प्रमुख शहरों में सोने और चांदी की कीमतों में अंतर देखने को मिला। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक, 24 कैरेट सोने और चांदी के भाव इस प्रकार थे।
| शहर | सोना (10 ग्राम) | चांदी (1 किलोग्राम) |
|---|---|---|
| दिल्ली | ₹1,45,580 | ₹2,07,600 |
| मुंबई | ₹1,45,830 | ₹2,07,960 |
| कोलकाता | ₹1,45,630 | ₹2,07,680 |
| चेन्नई | ₹1,46,250 | ₹2,08,560 |
ये भाव खबर में दिए गए आंकड़ों पर आधारित हैं। खरीदारी से पहले स्थानीय जौहरी से ताजा कीमत की पुष्टि कर लें। आभूषणों की अंतिम कीमत में जीएसटी, मेकिंग चार्ज और अन्य लागू शुल्क भी शामिल हो सकते हैं।
अमेरिका में महंगाई बढ़ने से बाजार की चिंता
अमेरिका में सितंबर के दौरान महंगाई दर में अनुमान से ज्यादा बढ़ोतरी दर्ज की गई। खबर में दिए गए आंकड़ों के अनुसार, महंगाई की सालाना दर 3.4 प्रतिशत से बढ़कर 3.7 प्रतिशत हो गई।
महंगाई बढ़ने से यह आशंका मजबूत हुई कि अमेरिकी केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व ब्याज दरों को लंबे समय तक ऊंचे स्तर पर बनाए रख सकता है। ब्याज दरों में बढ़ोतरी की संभावना भी बाजार की चिंता का कारण बनी हुई है।
आमतौर पर ब्याज दरें ऊंची रहने या बढ़ने की आशंका सोने-चांदी पर दबाव डाल सकती है, क्योंकि इन धातुओं में निवेश से नियमित ब्याज नहीं मिलता। हालांकि, इनकी कीमतों पर डॉलर की चाल, वैश्विक मांग और अन्य आर्थिक घटनाओं का भी असर पड़ता है।

