अमिताभ बच्चन का दर्द — “एक और वीर महापुरुष हमें छोड़ गए”
बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन ने अपने दोस्त और सह-कलाकार धर्मेंद्र के निधन पर गहरी संवेदना व्यक्त की है। धर्मेंद्र का जाना उन्हें “एक वीर पुरुष” की खोई हुई आवाज की तरह लग रहा है।
अमिताभ ने पोस्ट में लिखा:
“एक और वीर महापुरुष हमें छोड़कर चले गए … अपने पीछे एक असहनीय ध्वनि के साथ एक सन्नाटा छोड़ गए …”
महानता और सरलता का प्रतीक — अमिताभ की यादें
अमिताभ ने आगे कहा है कि धर्मेंद्र सिर्फ उनकी फिज़ीकल उपस्थिति और प्रसिद्धि के लिए नहीं, बल्कि उनके दिल की विशालता और सादगी के लिए जाने जाते थे। उन्होंने कहा कि धर्मेंद्र अपने पंजाब की मिट्टी और जड़ों के प्रति सच्चे रहे, और वही मिट्टी उन्होंने अपने व्यक्तित्व में हमेशा बनाए रखी।
“वह अपने साथ पंजाब की उस मिट्टी को लाए थे … और उसके स्वभाव के प्रति सच्चे रहे।”
उम्र के पार भी न बदली दोस्ती
अमिताभ ने यह भी ज़ोर दिया कि धर्मेंद्र ने अपने पूरे करियर में सादगी नहीं छोड़ी। बदलाव आते रहे, दशक बदलते रहे, लेकिन धर्मेंद्र का स्वभाव वही रहा—उनकी हँसी, गर्मजोशी और आकर्षण हर किसी को छू जाती थी।
“उनकी हंसी, आकर्षण और गर्मजोशी, उनके आसपास तक आने वाले सभी लोगों में फैली … हमारे चारों ओर का वातावरण शून्य हो गया है।”
लंबे समय की साझेदारी — बड़े पर्दे पर अमिताभ-धर्मेंद्र
अमिताभ और धर्मेंद्र ने बॉलीवुड की कई यादगार फिल्मों में साथ काम किया है, जिनमें शामिल हैं:
- शोले
- नसीब
- चुपके चुपके
- अंधा कानून
- राम बलराम
उनकी यह ऑन-स्क्रीन दोस्ती और साथ काम करने का इतिहास अब दर्शकों और प्रेम भी अहम यादों में बदल जाएगा।

