पांच प्रतिष्ठानों पर छापेमारी, 1.19 लाख किलो खाद्य तेल और अन्य सामग्री जब्त; सभी इकाइयों के लाइसेंस निलंबित
महाराष्ट्र खाद्य एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) ने बीड जिले में खाद्य तेल की कथित अवैध रीपैकिंग और बिक्री के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। विभाग की टीम ने बीड शहर, माजलगांव और वडवणी में स्थित पांच प्रतिष्ठानों पर छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान कुल 1,19,186 किलोग्राम खाद्य तेल और अन्य सामग्री जब्त की गई, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 1.94 करोड़ रुपये बताई गई है।
रिफाइंड के नाम पर कम गुणवत्ता वाले तेल की पैकेजिंग का आरोप
एफडीए अधिकारियों के अनुसार, जांच के दौरान इन प्रतिष्ठानों में कथित तौर पर कम गुणवत्ता वाले खाद्य तेल को आकर्षक पैकेजिंग में भरकर बाजार में बेचे जाने की जानकारी सामने आई। आरोप है कि इस तेल को ‘रिफाइंड’ और ‘अल्ट्रा रिफाइंड’ जैसे नामों से पैक किया जा रहा था। इससे उपभोक्ताओं को उत्पाद की वास्तविक गुणवत्ता को लेकर भ्रमित किए जाने की आशंका जताई गई है।
1.94 करोड़ रुपये की सामग्री जब्त
छापेमारी के दौरान अधिकारियों ने बड़ी मात्रा में खाद्य तेल और अन्य संबंधित सामग्री जब्त की। विभाग के अनुसार, जब्त किए गए माल की कुल अनुमानित कीमत करीब 1.94 करोड़ रुपये है। कार्रवाई के बाद संबंधित प्रतिष्ठानों में खाद्य तेल की पैकिंग और बिक्री से जुड़े दस्तावेजों तथा प्रक्रियाओं की भी जांच की जा रही है।
पांचों प्रतिष्ठानों के लाइसेंस निलंबित
एफडीए ने कार्रवाई के बाद पांचों प्रतिष्ठानों के लाइसेंस निलंबित कर दिए हैं। इसके साथ ही सभी संबंधित परिसरों को सील कर दिया गया है। विभाग अब यह पता लगाने में जुटा है कि कथित रूप से रीपैक किए जा रहे तेल की वास्तविक गुणवत्ता क्या थी और उसे किन माध्यमों से बाजार तक पहुंचाया जा रहा था।
छापेमारी का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया
कार्रवाई के दौरान की गई छापेमारी का वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आया है। एफडीए की कार्रवाई के बाद खाद्य तेल के कारोबार से जुड़े अन्य प्रतिष्ठानों पर भी निगरानी बढ़ाए जाने की संभावना है।
विभाग का कहना है कि उपभोक्ताओं को गुणवत्तापूर्ण और निर्धारित मानकों के अनुरूप खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के लिए ऐसी कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

