महाराष्ट्र सरकार ने भ्रष्टाचार रोकने और पारदर्शिता बढ़ाने के लिए हर विकास कार्य के लिए ‘इन्फ्रा आईडी’ अनिवार्य की। बिना आईडी कोई प्रोजेक्ट मंजूर नहीं होगा। पूरी व्यवस्था डिजिटल रिकॉर्ड पर आधारित होगी।
महाराष्ट्र सरकार का बड़ा फैसला: हर विकास कार्य के लिए ‘इन्फ्रा आईडी’ अनिवार्य
महाराष्ट्र सरकार ने विकास कार्यों में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए एक सख्त और ऐतिहासिक कदम उठाया है। अब जिला नियोजन समिति (DPC) की निधि से होने वाले हर कार्य के लिए ‘इन्फ्रा आईडी’ अनिवार्य कर दी गई है। बिना इस आईडी के कोई भी काम मंजूर नहीं किया जाएगा। यह नया तंत्र भ्रष्टाचार, फर्जी कामों और दोहराव को रोकने का मजबूत हथियार साबित होगा।
गड़बड़ियों पर लगेगी लगाम
अब तक कई क्षेत्रों में ऐसे मामले सामने आते थे जिसमें:
- एक ही काम को अलग-अलग नाम से कई बार दिखाना
- बिना काम किए बिल निकाल देना
- समयसीमा खत्म होने से पहले उसी काम के नए टेंडर निकालना
- टेंडर में तय काम छोड़कर दूसरे काम पर पैसा खर्च करना
- घटिया काम पर भी ठेकेदारों को बचाना
‘इन्फ्रा आईडी’ लागू होने के बाद इन सभी अनियमितताओं पर रोक लग जाएगी।
क्या है ‘इन्फ्रा आईडी’?
काम का प्रस्ताव तैयार करते समय ही एक यूनिक इन्फ्रा आईडी जनरेट करनी होगी। इसमें शामिल होगा—
- ठेकेदार का नाम
- किस स्रोत से कितनी निधि आई
- प्रोजेक्ट की समय-सीमा
- जियो-लोकेशन
- काम की तस्वीरें
- प्रगति का पूरा डिजिटल रिकॉर्ड
इसके बाद ग्रामीण क्षेत्र, जिला परिषद, नगरपालिका और महानगरपालिका — सभी जगहों के विकास कार्यों की एक पारदर्शी डिजिटल मॉनिटरिंग संभव होगी।
नई व्यवस्था: ‘सब-आईडी’ भी बनेगी
यदि किसी स्कूल के लिए चार क्लासरूम बनाने का प्रोजेक्ट है, तो उसके लिए मुख्य इन्फ्रा आईडी बनेगी।
अगले वर्ष उसी स्कूल में नए क्लासरूम बनाने हों, तो नई मुख्य आईडी बनाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। उसी में सब-आईडी जोड़ी जाएगी।
इससे:
- एक ही काम को कई बार दिखाकर फंड लेने
- पुराने प्रोजेक्ट को नया बताकर बजट निकालने
जैसे गोरखधंधों का अंत हो जाएगा।
बिना इन्फ्रा आईडी कोई भी काम मान्यता नहीं पाएगा
सरकार ने साफ कर दिया है कि:
- महानगरपालिका क्षेत्र में आयुक्त
- ग्रामीण क्षेत्र में जिलाधिकारी
- जिला परिषद क्षेत्र में सीईओ
प्रोजेक्ट की जांच करेंगे।
यदि कोई काम पूरा हो भी गया, लेकिन उसके पास इन्फ्रा आईडी नहीं है, तो उसे किसी भी हालत में मान्यता नहीं दी जाएगी।

