दिल्ली में लगातार बढ़ते वायु प्रदूषण को देखते हुए सरकार ने सोमवार को बड़ा कदम उठाया है। राजधानी के सभी सरकारी और निजी कार्यालयों को 50% से अधिक स्टाफ के साथ काम न करने के निर्देश दिए गए हैं। बाकी कर्मचारियों को अनिवार्य रूप से वर्क फ्रॉम होम (WFH) की सुविधा देनी होगी।
यह आदेश GRAP स्टेज III के तहत लागू इमरजेंसी पाबंदियों का हिस्सा है। पर्यावरण और वन विभाग ने इसे पर्यावरण संरक्षण अधिनियम 1986 की धारा 5 के तहत जारी किया है।
🛑 निजी कार्यालयों पर भी सख्ती
आदेश के अनुसार:
- सरकारी कार्यालयों में 50% से अधिक स्टाफ ऑफिस न आए, यह सुनिश्चित करना अनिवार्य
- एडमिनिस्ट्रेटिव सेक्रेटरी और विभागाध्यक्ष आवश्यकता के अनुसार अतिरिक्त स्टाफ बुला सकते हैं
- निजी दफ्तरों को भी WFH लागू करने, ऑफिस घंटों को स्टैगर्ड करने और आवागमन में कमी लाने के निर्देश
🕒 काम के घंटों में बदलाव की हिदायत
दिल्ली सरकार ने निजी संस्थानों से कहा है कि जहां संभव हो स्टैगर्ड वर्किंग आवर लागू किए जाएं।
इसका मतलब—कर्मचारियों के आने-जाने का समय अलग-अलग तय किया जाएगा, जिससे ट्रैफिक और प्रदूषण दोनों कम होंगे।
इन सेवाओं को आदेश से छूट
- अस्पताल और स्वास्थ्य सेवाएं
- अग्निशमन सेवा
- जेल
- सार्वजनिक परिवहन
- बिजली-पानी की आपूर्ति
- स्वच्छता और नगरपालिका सेवाएं
- आपदा प्रबंधन
- प्रदूषण नियंत्रण से जुड़े विभाग
⚖️ CAQM द्वारा GRAP में संशोधन
सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई और सलाह-मशविरों के बाद CAQM ने GRAP में संशोधन किए।
संशोधन के अनुसार NCR में—
- सार्वजनिक, नगरपालिका और निजी कार्यालय 50% क्षमता के साथ काम करेंगे
इसी के तहत दिल्ली सरकार ने शनिवार को निजी दफ्तरों को 50% स्टाफ रखने का आदेश दिया था, जिसे अब सरकारी कार्यालयों तक भी बढ़ा दिया गया है।
📉 NCR में हालात गंभीर: 20 इलाकों में AQI 400 पार
सोमवार सुबह दिल्ली-NCR में हवा की गुणवत्ता बुरी तरह गिर गई।
20 से अधिक इलाकों में AQI 400 के पार पहुंच गया, जो ‘गंभीर’ श्रेणी में आता है।
प्रमुख इलाकों में AQI:
- जहांगीरपुरी — 455
- रोहिणी — 458
- DTU — 444
- आनंद विहार — 442
- बवाना — 439
- अशोक विहार — 436
- बुराड़ी — 433
- अलीपुर — 412
- ITO — 409
- द्वारका — 401

