
दिल्ली के सेंट कोलंबस स्कूल के 10वीं कक्षा के छात्र शौर्य पाटिल की आत्महत्या मामले में स्कूल प्रबंधन ने प्राचार्या समेत 4 कर्मचारियों को निलंबित किया। परिजनों ने शिक्षकों पर लगातार अपमान और मानसिक उत्पीड़न का आरोप लगाया। FIR दर्ज, दिल्ली सरकार ने जांच समिति बनाई।
दिल्ली: 10वीं के छात्र शौर्य पाटिल की आत्महत्या पर बवाल, प्राचार्या सहित 4 कर्मचारी निलंबित
दिल्ली के सेंट कोलंबस स्कूल के 10वीं कक्षा के छात्र शौर्य पाटिल की आत्महत्या का मामला लगातार तूल पकड़ता जा रहा है। घटना के बाद बढ़ते दबाव के बीच स्कूल प्रबंधन ने कार्रवाई करते हुए प्राचार्या समेत 4 कर्मचारियों को निलंबित कर दिया है। सभी के खिलाफ FIR दर्ज कर ली गई है।
परिवार और सहपाठियों ने स्कूल प्रशासन पर मानसिक उत्पीड़न और लगातार अपमान के गंभीर आरोप लगाए हैं।
🔴 छात्र के पिता का आरोप: शिक्षक लगातार निशाना बनाते थे
पीड़ित छात्र के पिता प्रदीप पाटिल ने टाइम्स ऑफ इंडिया को बताया कि शौर्य पिछले 6 महीनों से तनाव में था।
उन्होंने कहा—
“वह कहता था कि शिक्षक उसे छोटी-छोटी बातों पर निशाना बना रहे हैं। हमें बार-बार स्कूल बुलाया जाता था। हमने उससे कहा था कि छुट्टियों के बाद हम उसे दूसरे स्कूल में भेज देंगे।”
🔴 काउंसलर को बताए थे आत्महत्या के विचार
परिजनों का कहना है कि शौर्य के दोस्तों ने बताया—
- वह स्कूल काउंसलर से भी मिला था
- उसने आत्महत्या के विचार साझा किए थे, लेकिन काउंसलर ने इसे गंभीरता से नहीं लिया
- दोस्तों से बातें कीं, लेकिन परिवार को कुछ नहीं बताया
🔴 साथी छात्रों के बड़े खुलासे: “शिक्षक धमकाते थे”
शौर्य के सहपाठियों ने दावा किया—
- शिक्षक उसे लगातार धमकाते और परेशान कर रहे थे
- उसे बार-बार स्कूल से निकालने की धमकी दी जाती थी
- दोस्तों का कहना है कि वे जल्द ही प्रधानाचार्य से औपचारिक शिकायत करने वाले थे
एक अन्य छात्र ने बताया कि छोटी-छोटी बातों पर भी माता-पिता को बुलाया जाता था, यहाँ तक कि—
“अगर पानी गिर जाए तो भी अभिभावकों को बुला लेते हैं।”
कुछ छात्रों ने यह भी कहा कि शिक्षक कक्षा में गाली-गलौज करते हैं।
🔴 क्या है पूरा मामला?
- घटना 18 नवंबर की है
- शौर्य ने राजेंद्र नगर मेट्रो स्टेशन से कूदकर आत्महत्या कर ली
- उसके बैग से सुसाइड नोट मिला, जिसमें शिक्षकों द्वारा मानसिक उत्पीड़न का उल्लेख था
- घटना के बाद अभिभावकों ने स्कूल के बाहर प्रदर्शन किया
- दिल्ली सरकार ने 5 सदस्यीय जांच समिति का गठन किया है
🟢 मानसिक तनाव की स्थिति में मदद कहां लें?
यदि आप या आपका कोई परिचित तनाव, अवसाद या आत्महत्या के विचारों से जूझ रहा है, तो तुरंत संपर्क करें:
- समाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय हेल्पलाइन: 1800-599-0019
- आसरा NGO हेल्पलाइन: 91-22-27546669

